HOME WORLD INDIA BHOPAL BUSINESS ENTERTAINMENT SCIENCE & TECHNOLOGY SPORTS HEALTH
WTN SPECIAL GOSSIP CORNER RECIPES DRINKS FUN FACTS WTN HINDI
EDUCATION LIFESTYLE TRAVEL ART & LITERATURE BIG MEMSAAB OPINION & INTERVIEW BrahMos
ABOUT US PRIVACY POLICY SITEMAP CONTACT US
BREAKING NEWS

क्या आप जानते हैं हार्ट बर्न और हार्ट अटैक में अंतर ?

22 Nov 2018
एक है गैस की समस्या, तो दूसरी ऑक्सीजन की कमी की

NOV 22 (WTN) – आइये, आपको बताते हैं कि हार्ट बर्न और हार्ट अटैक के बीच क्या अंतर है। हार्ट बर्न का हृदय से कोई भी सम्बन्ध नहीं होता है। हार्ट बर्न की समस्या पेट में बनने वाले एसिड यानि गैस के कारण होती है। हार्ट बर्न के कई संकेत हैं, जैसे सीने या गले में जलन और दर्द, खट्टी डकारें आना, उल्टी का मन करना और पेट भारी होना।

जब हम एक बार में ज़रूरत से ज़्यादा भोजन करते हैं, तो पेट और इसोफिजेस के बीच में एक वाल्व द्वार बन जाता है। यह वाल्व पेट में बनने वाले एसिड को इसोफिजेस की तरफ धकेलता है। इससे सीने में दर्द और जलन महसूस होने लगती है। इसे ही हार्ट बर्न कहा जाता है।
 
जैसा कि आप जानते ही होंगे कि शरीर के अन्य अंगों की तरह हमारे हृदय को भी लगातार काम करने के लिए ऑक्सीजन की ज़रूरत होती है। हमारे शरीर की रक्त वाहीनियां रक्त के साथ ऑक्सीजन को हृदय तक पहुंचाती हैं। हृदय तक रक्त ले जाने वाली रक्त वाहिकाओं को कोरोनरी धमनी कहा जाता है। लेकिन जब कभी वसा, प्रोटीन या प्लेटलेट्स के कारण कोई धमनी अचानक से ब्‍लॉक हो जाती है, तो इसे हार्ट अटैक या हृदयाघात कहा जाता है।