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बड़े फ़ैसले: ट्रेनों में बढ़ा 'लोअर बर्थ' का कोटा; 'पात्र' पुरुषों को भी मिलेगी चाइल्ड केयर लीव

28 Dec 2018
जनहितैषी फ़ैसले: बुजुर्गों और महिलाओं के लिए ट्रेनों में बढ़ा लोअर बर्थ का कोटा; अब अकेले पिता को भी मिलेगी चाइल्ड केयर लीव
 
DEC 28 (WTN) – मोदी सरकार की हमेशा से ही कोशिश रही है कि देश के नागरिकों को 'मानवीय आधार' पर ज़्यादा से ज़्यादा सुविधाएं दी जाएं ताकि जीवन में 'सुगमता' और 'सरलता' रहे। मानवीय दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए मोदी सरकार ने ऐसे दो 'नये फ़ैसले' लिए हैं जिनका फ़ायदा 'ज़रूरतमंदों' को मिल सकेगा। क्या हैं ये महत्वपूर्ण निर्णय जिससे आम जनता को लाभ होगा आइये आपको बताते हैं।
 
सबसे पहले बात करते हैं वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं की, तो रेलवे ने मेल, एक्सप्रेस, राजधानी और दुरंतो जैसी ट्रेनों में वरिष्ठ नागरिकों और महिला यात्रियों के लिए लोअर बर्थ (निचली सीट) का कोटा बढ़ा दिया है। रेलवे द्वारा जारी एक आधिकारिक आदेश में यह जानकारी दी गई है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अभी फिलहाल में वरिष्ठ नागरिकों, 45 वर्ष या उससे अधिक की उम्र वाली महिलाओं और गर्भवती महिलाओं के लिए ट्रेन के शयनयान, एसी-3 टीयर और एसी-2 टीयर में 12 लोअर बर्थ निर्धारित की गई हैं।
 
वहीं राजधानी, दुरंतो और कम्पलीट एसी एक्सप्रेस ट्रेनों में इनके लिए आरक्षित सीटों की संख्या सात है। रेलवे बोर्ड द्वारा जारी आदेश में कहा गया, “इस मामले की समीक्षा की गई है और यह फ़ैसला लिया गया है कि वरिष्ठ नागरिकों, 45 वर्ष या उससे अधिक की उम्र वाली महिलाओं और गर्भवती महिलाओं के लिए संयुक्त आरक्षण कोटा को बढ़ा दिया जाए।”
 
रेलवे बोर्ड ने कोटा को 'संशोधित' करते हुए उन मेल एक्सप्रेस ट्रेनों, जिनमें इन श्रेणी का एक ही डिब्बा है, उनमें इसे बढ़ाकर 13 सीट कर दी गयी हैं। जबकि उन ट्रेनों में जिनमें इन श्रेणी के एक से अधिक डिब्बे हैं, उनमें सीटों की संख्या बढ़ाकर 15 की गई है। वहीं राजधानी, दुरंतो और अन्य एसी ट्रेनों में आरक्षित सीटों की संख्या सात से बढ़ाकर नौ कर दी गई है।
 
इधर मोदी सरकार के एक अन्य फ़ैसले में 'पात्र' पुरुषों के लिए भी 'चाइल्ड केयर लीव' देने का निर्णय लिया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बच्चों की देखभाल के लिए वर्किंग वूमेन को अभी चाइल्ड केयर लीव (CCL) का प्रावधान है। इसी तर्ज़ पर वे पुरुष भी अपने बच्चों की देखभाल के लिए ऐसी छुट्टी ले पायेंगे जो कि एकल पिता हैं, यानि जिनकी पत्नी नहीं है और जो तलाकशुदा हैं।
 
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 7वें वेतन आयोग ने एकल पिता के रूप में बच्चों की ज़िम्मेदारी सम्भालने और उनकी देखभाल के लिए कर्मचारियों को 'राहत' देने की अहम कोशिश की थी। आयोग की ओर से ही एकल पिता को भी चाइल्ड केयर लीव देने की 'सिफ़ारिश' की गई थी। इसके बाद केंद्र सरकार ने एकल पिता को भी चाइल्ड केयर लीव देने की सिफ़ारिश को मानते हुए गजट नोटिफिकेशन जारी कर दिया है।
 
जैसा कि आप जानते हैं कि चाइल्ड केयर लीव पहले सिर्फ़ महिला कर्मचारियों को ही मिलती थी, लेकिन अब ये चाइल्ड केयर लीव पात्र पुरुषों को भी मिलेगी, इसके मुताबिक पुरूष कर्मचारियों को 730 दिन की छुट्टी उनके पूरे सर्विस पीरियड के दौरान बच्चों की देखभाल के लिए मिलेगी। चाइल्ड केयर लीव के अलावा अभी महिलाओं को 180 दिनों की पेड लीव मिलती है वहीं पुरुष इसके लिए 15 दिनों की लीव क्लेम कर सकते हैं।