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ग्रीन ज़ोन ज़िलों के ज़रिए अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने की कोशिश में सरकार

01 May 2020

4 मई पर टिकी सभी की निगाहें; ग्रीन ज़ोन में शर्तों के साथ आर्थिक गतिविधियों को शुरू करने की मिल सकती है छूट

MAY 01 (WTN) - जैसा कि आप जानते ही हैं कि चीन के वुहान शहर से उपजी और फैली कोरोना वायरस की बीमारी एक संक्रामक बीमारी है। चीन की वामपंथी सरकार की ग़लती, लापरवाही और ग़ैर ज़िम्मेदाराना रवैये कारण अभी तक पूरी दुनिया में क़रीब 2,34,408 लोगों की मौत कोरोना वायरस संक्रमण के कारण हो चुकी है। ऐसे में 200 से ज़्यादा देशों में फैल चुकी कोरोना वायरस संक्रमण बीमारी को फैलने से रोकने के लिए कई देशों में लॉकडाउन की स्थिति है।

जहां तक भारत की बात है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कोरोना वायरस संक्रमण की कड़ी तोड़ने के लिए 24 मार्च से पूरे देश में लॉकडाउन जारी है। वैसे इस लेख को लिखे जाने तक, लॉकडाउन को आगे बढ़ाए जाने का कोई भी नया आदेश केन्द्र सरकार की तरफ़ से नहीं आया है। ऐसे में फ़िलहाल 3 मई तक देश में लॉकडाउन जारी है और उम्मीद लगाई जा रही है कि 4 मई से कुछ पाबंदियों और कुछ छूट के साथ लॉकडाउन से कुछ क्षेत्रों में राहत मिल सकती है।

वैसे सभी को उम्मीद है कि जल्द ही लॉकडाउन ख़त्म होगा, और एक बार फ़िर से बाज़ार खुलेंगे और फिर से आम जनजीवन सामान्य हो जाएगा। दुकानदारों और ग्राहकों दोनों को ही दुकानें खुलने का इंतज़ार है। स्वाभाविक है कि बाज़ार खुलने से देश की अर्थव्यवस्था एकबबार फिर से गति पकड़ने लगेगी। वैसे आपको पता ही होगा कि लॉकडाउन के दूसरे चरण में ग्रीन और ऑरेंज ज़ोन के कस्बों और शहरों में ख़रीददारी के लिए कुछ छूट भी दी गई है।

वैसे देश के लोगों को आशा है कि केन्द्र सरकार 4 मई से ग्रीन ज़ोन में छूट का दायरा और बढ़ा सकती है। हालांकि, इस दौरान सभी लोगों को लॉकडाउन के नियमों का पालन करते हुए मास्क लगाना और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना अनिवार्य होगा। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि देश के कुल 739 ज़िलों में से 307 ज़िले कोरोना वायरस संक्रमण से मुक्त हैं। माना जा रहा है कि इन सभी ज़िलों को ग्रीन ज़ोन में डाला जा सकता है और यहां पर आर्थिक गतिविधियों को फिर से शुरू किया जा सकता है।

अनुमान लगाया जा रहा है कि ग्रीन ज़ोन वाले ज़िलों में फैक्ट्रियों, दुकानों, छोटे उद्योगों और अन्य सेवाओं को बहुत कुछ शर्तों के साथ खोलने की इजाज़त मिल सकती है। सरकार को उम्मीद है कि इन्ही ग्रीन ज़ोन वाले ज़िलों के ज़रिए ही अर्थव्यवस्था को एक बार फिर पटरी पर लाने की शुरुआत की जा सकती है।

अब जबकि काफ़ी लम्बे समय से देश में लॉकडाउन जारी है, तो ऐसे में लोगों को उम्मीद है कि 4 मई से ग्रीन ज़ोन में आने वाले ज़िलों को काफी छूट मिल सकती है। हो सकता है कि ग्रीन ज़ोन वाले ज़िलों में कपड़ों की दुकान, ब्यूटीपार्लर, हेयर कटिंग की दुकानें, इलेक्ट्रॉनिक और इलेक्ट्रिक दुकानों समेत हार्डवेयर और रिपेयरिंग शॉप की दुकानें को कुछ पाबंदियों और छूट के साथ खोलने की छूट मिल सकती है।

अब जबकि लॉकडाउन के कारण देश की अर्थव्यवस्था को काफ़ी नुकसान उठाना पड़ा है। ऐसे में ग्रीन ज़ोन के ज़िलों के ज़रिए सरकार उद्योगों और कारखानों को फिर से शुरू करने की कोशिशों में है। इतना ही नहीं, 4 मई से ग्रीन ज़ोन ज़िलों में आने वाली कंपनियों को भी खोलने की इजाज़त मिल सकती है। वहीं, इन ग्रीन ज़ोन वाले ज़िलों में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को भी चालू करने की इजाज़त सरकार दे सकती है।

वैसे आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 4 मई से हो सकता है कि ग्रीन ज़ोन वाले ज़िलों में ट्रांसपोर्ट सेवाओं को कुछ शर्तों के साथ खोलने की इजाज़त मिल सकती है। हालांकि, इस दौरान दूसरे राज्यों में बसों को जाने की इजाज़त ना।मिले। साथ ही यदि ट्रांसपोर्ट की इजाज़त मिलती है, तो इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पालन करना ज़रूरी हो सकता है और मास्क की अनिवार्यता भी हो सकती है। लेकिन 4 मई से यात्री रेलगाड़ियों के चलने पर अभी संशय बरक़रार है। वैसे माना जा रहा है कि अभी हाल फिलहाल यात्री रेलगाड़ियों के संचालन की अनुमति सरकार ना दे।